Shayari....मुझे अपना मानती हो तो, इक ईशारा ही कर दो, सितारो से तेरी माँग सजा दूँ, ये गुजारिश है मेरी।...

तुम्हारे साथ वक्त बिताऊँ, अब ये ख्वाहिश है मेरी, तुम्हें अपनी जिंदगी कहूँ, ये ही फरमाईश है मेरी। मुझे अपना मानती हो तो, इक ईशारा ही कर दो, सितारो से तेरी माँग सजा दूँ, ये गुजारिश है मेरी।

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